प्याळ्यां 101-150
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असी कसी चीज छै, ज्ये तावड़ा म न सूखै। - पसीना
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सावण भादवा म खूब चालै छै, माघ पूस म थोड़ी - नाली
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बना पगां क उड जांऊ, अर बांध गळा प सूत। - पतंग
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गोळ छूं पण गैन्द कोइनै, राती छूं पण सेब कोइनै, जे बी मारतांई खावै, ऊ लू सूं बचै। - प्याज
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एक बार आऊं जिन्दगी म, न दोबारा आऊं, जे मारताई पचाण न पावै जिन्दगी भर पछतावै। - अवसर
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कांटा सूं खड्या फूला म उळज्या। - तीतरी
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एक लूगाई क दो छोरा, दोनी एक रंग का, पैली चालै, दूसरो सोवै, फेर बी दोनी लारां रै। - चक्की
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असी कसी चीज छै जे फांकड़ा सूं बी नरम छै, पण कोई बी मनख एक मिनट सूं जादा न पकड़ सकै। - सांस
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ज्ये सदा बडै छै, पण कम न होवै। - उमर
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ज्ये सदा आवै छै, पण पूगै कोइनै – कल
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असी कसी चीज छै ज्ये पाणी पीता ई मर जावै छै – आग
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च्यार राण्यां एक राजो सन्दा काम म वांको अपणो सात। - अंगुठा और अंगुलियाँ
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तीन पग की तीतरी, न्हा धोर खडी। - समोसा
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न कासी न बनारस, बना जिक रै चक्का जाम पाणी जसी चीज वा झट बताओ ऊंको नाऊ - पेट्रोल
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सिवजी की जटा म गंगा को पाणी जळ को सादू, बूझो तो ग्यानी।
- नारियल
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काळी छूं कलूटी छूं, सीरो लापसी ख्वाव छूं। - कड़ाई
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एक बण्यो जादू को थेलो, बारै उजाळो, भीतर मलो, राजा राणी बी ऊंका हाळी, एक एक थेलो सन्दा क गोडै। - पेट
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लकड़ी सूं म्हूं जिन्दगी पाऊं, पाणी म उमर बिताऊं, ज्यात-पात को कोइ ग्यान कोइनै, सेवा करबो म्हारो काम। - नाव
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बना पग क भागै, जरीलो म्हूं बोल्यो जाऊं, एक बरस म एक बार पूजा करै, म्हारै नाऊ सूं सन्दा न डर लागै। - सांप
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अटी-उटी सन्दी ठाम बिराजूं, पण कोइ देख न पावै, मसूस करा छा, मंसूं ई था जिन्दगी पावै। - बाल
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म्हूं गूंगी, काणी, लंगड़ी, पण ग्यान की खान, सरण म देऊ छूं बिद्या को बरदान। -पुस्तक
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सोऊं तो गर जाऊं, जागूं तो गरजाऊ , उस्यां तो पल म गरू, ऊठूं । -पलक
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पाणी म खड़ो ध्यान लगावै, जस्या कोई संत।, चुस्ती सूं पेर जल-जीऊ कर दे छै खथम। - बगुला
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काळो रंग म्हारी सान, सन्दा न देऊ ग्यान, मारसाब करै, म प काम। - श्यामपट्ट
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था दनभर म घणी बार उठावअ छै, अर घणी बार रखअ छै। - कदम
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अस्यो कांई छै जिन खावै बी छै, अर पीवअ बी छै।
-नारियल
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न बीज न गुठळी, छोल्टो उतारै हलवा की डाळ। -केला
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दाणा-दाणा गणती जावै दादी अम्मा रोजिनाइ फरावअ। -माळा
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लाल हरा सन्दा मोत्या सूं पदा होवै बड़ी दूरै सूं आवै सन्दा बड़ा छाऊ सूं खाता। -अंगूर
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एक गुफा का दो रखवाळा, दोनो लम्बा, दोनो काळा। - मूंछ
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सात गांठ की रस्सी, गांठ-गांठ म रस – जलेबी
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सर क नीचै दब्यो, पण चूं तांई न करै, अर सोवै सन्दा क लारां।
– तकिया
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लाम्बी पूंछ मोरां प लैण्यां, दोनी हातां सूं खाती देखी। - गिलहरी
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खडा़ क्वांड प अस्यो घोड़ो, जद चायो जद मरोड़्यो। - ताला
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काळी नन्दी स्वावणी , पीळा अण्डा दे, जे आवै मनख सबी लेले।
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पकोड़ी
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घूसा आंख्या म म्हारो तागो, दरजी क घर सूं म्हूं भाग्यो। - बटन
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म्हारा नाऊं सूं सन्दा डरै छै अर सन्दा मन्त करै छै। - परीक्षा
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हात म हर्यो मुण्डा म लाल। -पान
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एक कळी म दो कळी, दो कळी म रस। -नारंगी
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बना चूंच पग-पंख की चड़ी, तागा न लेर उडगी, डोल री छै बादळा म, आवगी कोइनै बेगीसिक। -पतंग
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धूळ – कचरा सूं बचबो छावो , मारतांई पकड़ो अर घूमावो। - झाडू
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गोळ-गोळ घूम जाऊं ठंडक देऊ, ठंडक देना म्हारो काम गरमी म आंऊ काम। - पंखा
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पग कोइनै फेर बी चालै छै। -रेलगाड़ी
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न तो कोइ सूं झगड़ो, न कोई सूं लड़ाई पण फेर बी नतकेइ होवै पिटाई। - ढोलक
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बना बताया रात म आवै छै, अर बना चोरी कर्या ई गाइब होजावै छै। - तारा
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नतकेइ तड़कै आंऊ छूं नतकेइ स्याम की जांऊ छूं म्हारै आबा सूं उजाळो, अर जाबा सूं होवै छै अंदेरो। - सूरज
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छोटो छूं पण बडो कहलाऊ छूं, नतकेइ दई की नन्दी म नाऊ छूं। -दही बड़ा
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दूद कि बाटकी म काळो भाटो। - आंख
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हरी-हरी पूंछ धोळा घोड़ा। - मूली
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म्हूं अलबेलो कारीगर काटूं काळी घांस, माथो झुकावै म्हारै गोडै। - नाई
101. गोळ छूं पण गअन्द कोइनअ, राती छूं पण सेब कोइनअ, जे बी मारतांई खावअ, ऊ लू सूं बचअ।
प्याज
102. एक बार आऊं जिन्दगी मअ, नअ दोबारा आऊं, जे मारअतांई पचाण नअ पावअ जिन्दगी भर पछतावअ।
अवसर
103. कांटा सूं खड्या फूला मअ उळज्या।
तीतरी
104. एक लूगाई कअ दो छोरा, दोनी एक रंग का, पअली चालअ, दूसरो सोवअ, फेर बी दोनी लारां रअ।
चक्की
105. असी कसी चीज छअ जे फांकड़ा सूं बी नरम छअ, पण कोई बी मनक एक मिनट सूं जादा नअ पकड़ सकअ।
सांस
106. ज्ये सदा बडअ छअ, पण कम नअ होवअ।
उमर
107. ज्ये सदा आवअ छअ, पण पूगअ कोइनअ।
कल
108. असी कसी चीज छअ ज्ये पाणी पीता ई मर जावअ छअ।
आग
109. च्यार राण्यां एक राजो सन्दा काम मअ वांको अपणो साथ।
अंगुठा और अंगुलियाँ
110. तीन पग की तीतरी, न्हा धोर खडी।
समोसा
111. नअ कांसी नअ बनारस, बना जिकअ रअ चक्का जाम पाणी जसी चीज वा झट बताओ ऊंको नांऊ।
पेट्रोल
112. सिवजी की जटा मअ गंगा को पाणी जळ को सादू, बूझो तो ग्यानी।
नारियल
113. काळी छूं कलूटी छूं, सीरो लापसी ख्वाव छूं।
कड़ाई
114. एक बण्यो जादू को थेलो, बारअ उजाळो, भीतर मअलो, राजा राणी बी ऊंका हाळी, एक एक थेलो सन्दा कअ गोडअ।
पेट
115. लकड़ी सूं म्हूं जिन्दगी पाऊं, पाणी मअ उमर बिताऊं, ज्यात-पात को कोइ ग्यान कोइनअ, सेवा करबो म्हारो काम।
नाव
116. बना पग कअ भागअ, जरीलो म्हूं बोल्यो जाऊं, एक बरस मअ एक बार पूजा करअ, म्हारअ नाऊ सूं सन्दा नअ डर लागअ।
सांप
117. अटी-उटी सन्दी ठाम बिराजूं, पण कोइ देख नअ पावअ, मसूस करां छा, मअसूं ई थां जिन्दगी पावअ।
बाल(हवा)
118. म्हूं गूंगी, काणी, लंगड़ी, पण ग्यान की खान, सरण मअ देऊ छूं बिद्या को बरदान।
पुस्तक
119. सोऊं तो गर जाऊं, जागूं तो गरजांऊ, उस्यां तो पल मअ गरू, ऊठूं।
पलक
120. पाणी मअ खड़ो ध्यान लगावअ, जस्या कोई संत, चुस्ती सूं पेर जल-जीऊ कर दे छअ खतम।
बगुला
121. काळो रंग म्हारी सान, सन्दा नअ देऊ ग्यान, मारसाब करअ, मअ पअ काम।
श्यामपट्ट( बोर्ड)
122. थां दनभर मअ घणी बार उठावअ छअ, अर घणी बार मअलअ छअ।
कदम
123. अस्यो कांई छअ जिनअ खावअ बी छअ, अर पीवअ बी छअ।
नारियल
124. नअ बीज नअ गुठळी, छोल्टो उतारअ हलवा की डाळ।
केला (केळो)
125. दाणा-दाणा गणती जावअ दादी अम्मा नतकेई फरावअ।
माळा
126. लाल हरा सन्दा मोत्या सूं पदा होवअ बड़ी दूरअ सूं आवअ सन्दा बड़ा छाऊ सूं खाता।
अंगूर
127. एक गुफा का दो रखवाळा, दोनो लम्बा, दोनो काळा।
मूंछ
128. सात गांठ की रस्सी, गांठ-गांठ मअ रस।
जलेबी
129. सर कअ पिनअ दब्यो, पण चूं तांई नअ करअ, अर सोवअ सन्दा कअ लारां।
तकिया
130. लाम्बी पूंछ मोरां पअ लअण्यां, दोनी हातां सूं खाती देखी।
गिलहरी (टलकड़ी)
131. खड़ा क्वांड पअ अस्यो घोड़ो, जद चायो जद मरोड़्यो।
ताला
132. काळी नन्दी स्वावणी, पीळा अण्डा दे, जे आवअ मनक सबी लेले।
पकोड़ी
133. घूसा आंख्या मअ म्हारो तागो, दरजी कअ घर सूं म्हूं भाग्यो।
बटन
134. म्हारा नाऊं सूं सन्दा डरअ छअ अर सन्दा मअन्त करअ छअ।
परीक्षा
135. हात मअ हर्यो मुण्डा मअ लाल।
पान
136. एक कळी मअ दो कळी, दो कळी मअ रस।
नारंगी
137. बना चूंच पग-पंख की चड़ी, तागा नअ लेर उडगी, डोल री छअ बादळा मअ, आवगी कोइनअ बेगीसीक।
पतंग
138. धूळ–कचरा सूं बचबो छावो, मारअतांई पकड़ो अर घूमावो।
झाडू
139. गोळ-गोळ घूम जाऊं ठंडक देऊ, ठंडक देना म्हारो काम गरमी मअ आंऊ काम।
पंखा
140. पग कोइनअ फेर बी चालअ छअ।
रेलगाड़ी
141. नअ तो कोइ सूं झगड़ो, नअ कोई सूं लड़ाई पण फेर बी नतकेई होवअ पिटाई।
ढोलक
142. बना बताया रात मअ आवअ छअ, अर बना चोरी कर्या ई गायब होजावअ छअ।
तारा
143. नतकेई तड़कअ आंऊ छूं नतकेई स्याम की जांऊ छूं म्हारअ आबा सूं उजाळो, अर जाबा सूं होवअ छअ अंदेरो।
सूरज
144. छोटो छूं पण बडो खअलाऊ छूं, नतकेई दई की नन्दी मअ नाऊ छूं।
दही बड़ा
145. दूद कि बाटकी मअ काळो भाटो।
आंख
146. हरी-हरी पूंछ धोळा घोड़ा।
मूली
147. म्हूं अलबेलो कारीगर काटूं काळी घांस, माथो झुकावअ म्हारअ गोडअ।
नाई
148. ऊ पंछी कोइनअ, पण उड़ सकअ छअ, अर उळ्ळो-बूळ्ळो होर सोवअ छअ।
चमगादड़
149. एक अस्यो फूल बतांऊ, जिमअ रंग नअ खसबू पावअ।
अप्रैल फूल
150. जीब कोइनअ, पण फेर बी बोलअ, बना पग सन्दा जग मअ डोलअ, राजा भिखारी सन्दा नअ भावअ, जद आवअ खूसिया लावअ।
रुपया