बिहारी गळ्ड़ो काटता हुया।

खास्तगार माळ मअ रेलणी करतो हुयो।

मअनत्या माळ मअ निन्दता हुया।

ग्‍वाळ्‍यो भंअस्या कअतांई चराबा जातो हुयो

मअनत्यो रेत चाळतो हुयो।

टेकटर माळ मअ हंकाई करतो हुयो।

गांऊ मअ नाइ बाळ छांटतो हुयो।

मनक सुन्दकाण्ड करता हुया

बाईर बाळ मअ उड़द बरसाती हुयी

कोड़ामार को खेल दखाबा हाळो